इलेक्ट्रिकल वायरिंग और ओवरहेड लाइन्स में इलेक्ट्रिकल वायर जोड़ Wire Joints मुख्य रूप से 6 प्रकार के होते हैं

ट्विस्टेड जॉइंट या रैट-टेल जॉइंट (Twisted or Rat Tail Joint इसका इस्तेमाल जंक्शन बॉक्स के अंदर कम तनाव

tension) वाली जगहों पर होता है।स्ट्रेट जॉइंट (Straight Joint दो सीधे तारों की लंबाई बढ़ाने के लिए इसका उपयोग किया जाता है।

मैरिड जॉइंट Married Jointअधिक मोटाई या मल्टी-स्ट्रैंड (कई पतले तारों वाले केबल्स को आपस में मजबूती से जोड़ने के लिए उपयोगी है।टी जॉइंट t

ee Jointमुख्य सप्लाई लाइन के बीच में से कोई अन्य कनेक्शन (Arvind) निकालने के लिए इसका प्रयोग करते हैं।ब्रिटानिया जॉइंट Britannia Joint ओवरहेड ट्रांसमिशन लाइनों में तांबे के मोटे नंगे तारों को जोड़ने के लिए इस्तेमाल होता है।वेस्टर्न यूनियन जॉइंट

Western Union Joint यह जोड़ बहुत मजबूत होता है और इसका उपयोग अत्यधिक खिंचाव या तनाव वाली ओवरहेड लाइनों

में किया जाता है।क्या आप इनमें से किसी विशेष जॉइंट को बनाने का तरीका सीखना चाहते हैं, या अपनी आईटीआई इलेक्ट्रिशियन परीक्षा की तैयारी के लिए इसके बारे में पढ़ रहे हैं

तारों के प्रकार और कोडिंग घरेलू और औद्योगिक वायरिंग में तारों की पहचान उनके रंगों से होती है फेज/लाइव वायर

यह करंट ले जाता है। आमतौर पर लाल, काला या भूरा होता है।न्यूट सर्किट को पूरा करता है। आमतौर पर नीला या सफेद होता है।अर्थ वायरयह शॉक से बचाता है

आमतौर पर हरा या पीला होता है।वायरिंग के मुख्य प्रकारक्लैट वायरिंग (Cleat Wiring): यह अस्थायी emporary वायरिंग होती है

जिसमें तारों को क्लिप्स से दीवारों पर ओपन फिक्स किया जाता है।केसिंग और कै इसमें तारों को प्लास्टिक

या लकड़ी के चैनलों के अंदर छिपाकर ले जाया जाता है।कंसील्ड कन्ड्यूट वायरयह आधुनिक घरों में सबसे ज्यादा इस्तेमाल होती है। इसमें पीवीसी पाइपों को दीवारों के अंदर (प्लास्टर से पहले) डाला जाता है, जिससे तार बाहर नहीं दिखते और पूरी तरह सुरक्षित रहते हैं।